भोले तेरा सहारा

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

हे शिव शंकर भोलेनाथ, मने तेरा एक सहारा है,

एक सहारा है, मने तेरा एक सहारा है,

हे शिव शंकर भोलेनाथ…………

आया हूँ में दर पे तेरे, साथी ना कोई संग में मेरे,

कर दो दूर सभी अंधरे, मैने पुकारा है,

हे शिव शंकर भोलेनाथ…………

शम्भु बिगड़ी बात बनादे, मेरा सोया भाग जगादे,

सत का मार्ग मने दिखा, जग झूठा सारा है,

हे शिव शंकर भोलेनाथ…………

जिसने ले ली शरण तुम्हारी, उसकी कटी बीमारी सारी,

हे शिव शंकर हे त्रिपुरारी, लागे प्यारा है,

हे शिव शंकर भोलेनाथ…………

दूर करो दुविधा मेरे मन की, धूल रमाऊ तेरे चरणन की,

नावँ बीच में भूलन की, ना मिले किनारा है,

हे शिव शंकर भोलेनाथ…………

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।