भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है,

तेरा सहारा है, तू तो हमारा है,

तेरे चरणों में जीवन गुज़ारा है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है…..

तेरे माथे पे चंदा विराज र रहा,

तेरी जटा में गंगा की धारा है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है,

तेरा सहारा है, तू तो हमारा है,

तेरे चरणों में जीवन गुज़ारा है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है…..

तेरे हाथों में डमरू विराज रहा,

तेरे गले में सर्पों की माला है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है,

तेरा सहारा है, तू तो हमारा है,

तेरे चरणों में जीवन गुज़ारा है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है…..

तेरे आंग विभूति विराज रही,

तेरे तन पे बाघम्बर चौला है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है,

तेरा सहारा है, तू तो हमारा है,

तेरे चरणों में जीवन गुज़ारा है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है.

तेरे संग में गौरा विराज रही,,

तेरी गोदी में गणपति लाला है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है,

तेरा सहारा है, तू तो हमारा है,

तेरे चरणों में जीवन गुज़ारा है,

भोले हमको तेरा बड़ा सहारा है….

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।