हे राम तुम्हारे चरणों में नमन है बारम्बार

अनुराधा पौडवाल
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

हे राम तुम्हारे चरणों में नमन है बारम्बार,

तुम ही करता तुम ही धरता तुम ही पालन हार,

हे राम तुम्हारे चरणों में नमन है बारम्बार…..

तुम करुणा के सागर हो मैं करुणा की प्यासी,

एक झलक दिखला दो प्रभु दर्शन की अभिलाषी,

तुम ही कश्ती तुम ही सागर तुम ही खेवन हार,

हे राम तुम्हारे चरणों में नमन है बारम्बार…..

चरण तुम्हारे पारस है पत्थर में प्राण जगा दे,

छुलें जिसको नज़र तुम्हारी उसके भाग्य जगा दे,

तुम ही माया तुम ही मुक्ति तुम ही प्राण आधार,

हे राम तुम्हारे चरणों में नमन है बारम्बार……

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।