चुनीयां लालो लाल

सोनी साहिल
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

चुनीयां लालो लाल मां दीयां चुनीयां लालो लाल

पाके गल बिच ऐहो चुनीयां संगता होईयां निहाल

मां दीयां चुनीयां लालो..............

चुनीयां नु मां दे रंग रंगवाया

उते जै माता दी लिखवाया ॥

तिले गोटे नाल मां दीयां

चुनीयां लालो़.............

भगत मां दीयां कंजका बिठांदे

हथ जोड के चुनीयां चडांदे॥

भुल के होर खयाल मां दीयां

चुनीयां लालो़..................

चुनीयां दे पैंदे चमकारे

जिवे अंबरी चमकण तारे ॥

वेखो अजब कमाल मां दीयां

चुनीयां लालो़.......................

साहिल चरणी सीस झुकालै

मां दी चुनी गल बिच पा लै-॥

सची शरधा नाल मां दीयां

चुनीया लालो़...................

लेखक- सोनी साहिल

सिंगर-विपन शरमा बिटटु

मोबाईल-098154 02742

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।