भोले नाथ हल करदे

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

मेरी मुशिक्ला दा भोले नाथ हल करदे ॥

भावे अज करदे भावे कल करदे ॥

तेनू रोज - रोज कैहना , नईयो चंगा लगदा ॥

झोली अड के वी बैहना , नईयो चंगा लगदा ॥

मेरे करमा दे , भोले सिदे वल करदे.........॥

गल मल ले कैलाश , ऊते रैहन वालीया ॥

झोली भर दे तु , बम - बम केहन वालीया ॥

मेरे जीवन च खुशीया , दे पल भर दे ....॥

रखी संजीव सितारे ते , निगाहे मेहर दी ॥

असीं आस लगाई , बाबा बडी देर दी ॥

साडा भोले नाथ जन्म सफल करदे ....॥

Singer -: kumar - sanjeev

contact -: 098141 -62145

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।