तेरे दीवाने आ गए

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

साँवरे प्यारे दर पे तुम्हारे तेरे दीवाने आ गए,

प्रीत पुरानी दिल की कहानी तुमको सुनाने आ गए.....

जब से किया है दर्शन तुम्हारा, तब से दीवाना मन ये तुम्हारा,

तब से ही दिल बेक़ाबू बड़ा,

जब से सुने है तेरे तराने, तब से ही दिल दिल की ना माने,

तब से ही सर पे जादू चढ़ा,

दिल के स्वामी ओ दिल के मालिक, फिर दिल मिलने आ गए,

साँवरे प्यारे दर पे तुम्हारे तेरे दीवाने आ गए......

अब तेरे दर पे भीड़ है भारी, अब तो ये दुनिया उमड़े है सारी,

अब हमारी क्या दरकार है,

भूल गया तू दिन वो पुराने, रहते थे तेरे दर पे वीराने,

क्या यही वो दरबार है,

गौर से प्यारे देख ले तेरे, सेवक पुराने आ गए,

साँवरे प्यारे दर पे तुम्हारे तेरे दीवाने आ गए......

अब भी वही है रंगत हमारी, अब भी चढ़ी है तेरी खुमारी,

अब भी हमारी हालत वही है,

अब भी वही है आलम पुराना, अब भी वही ज़िद्द तुमको है पाना,

अब भी हमारी चाहत वही है,

सोनू फिर से तुमको ही तुमसे, देखो चुराने आ गए,

साँवरे प्यारे दर पे तुम्हारे तेरे दीवाने आ गए......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।