लाल लाल लहंगे मे गोटा चमके

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

लाल लाल लहंगे मे गोटा चमके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

कोई जल लाया मैया कोई गैया दूध,

तुमको नहलाएंगे मलमल के,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

गंगा जल लायी मैया चरण धुलाये,

चरण धुलाये माँ को पायल पहनाये,

पायल में मैया की चांदी चमके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

लाल लाल फुल मैया तेरे लिए लायी,

लाल लाल लंहगा मैया तुमको पहनाया,

लाल लाल फूलों में साड़ी चमके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

चन्दन और रोली का तिलक कराया,

हाथों को तेरे मैया चूड़ी से सजाया,

कंगने में मैया के सोना चमके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

लाल लाल फूलों की माला बनाई,

हीरे का मैया तेरा हार बनाया,

हारो में मैया तेरा ही चमके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

प्यारे प्यारे झुमके मैया तुमको पहनाये,

लाल लाल नथनी में सोना जड़ाया,

नथनी में माँ तेरी सोना चमके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने...

माथे पे तेरे मैया टिका सजाया,

टिका सजाया मैया मुकुट पहनाया,

ज्योत जलाएंगे सब मिलके,

आओ प्यारे भक्तो दर्शन करने....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।