पूछ रहे भोलेनाथ

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना,

हँस हँस बोले गौरा माँ,

के भोले हम नौ बहना……

एक बहन जन पुरी में बसत है,

सीता मैया उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन कलकत्ता में बसत है,

काली मैया उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन मेरी जम्मू में बसत है,

एक बहन मेरी जम्मू में बसत है,

वैष्णो देवी उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन हिमाचल में बसत है,

एक बहन हिमाचल में बसत है,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन नैनीताल में बसत है,

एक बहन नैनीताल में बसत है,

नैना देवी उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन हरिद्वार में बसत है,

एक बहन हरिद्वार में बसत है,

मनसा देवी उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन विंध्यांचल में बसत है,

एक बहन विंध्यांचल में बसत है,

विन्ध्येश्वरी उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना……

एक बहन घर घर में बसत है,

एक बहन घर घर में बसत है,

तुलसी मैया उनका नाम,

के भोले हम नौ बहना,

पूछ रहे भोलेनाथ,

के गौरा तुम कै बहना…

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।