दानी बड़ा ये भोलेनाथ

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

दानी बड़ा ये भोलेनाथ,

पूरी करे मन की मुराद,

देख ले माँग के माँग के,

तेरा बिगड़ा मुक्कदर सवर जायेगा,

तेरा दामन भी खुशियों से भर जायेगा॥

दिन दयालु कहे इसको जमाना,

काम है इसका किस्मत जगाना...-2

भोले के दर पे जिसने अर्जी लगाई है,

हाथो ही हाथ हुई उसकी सुनाई है,

देख ले माँग के माँग के,

तेरा बिगड़ा मुक्कदर सवर जायेगा,

तेरा दामन भी खुशियों से भर जायेगा।

देवो का देव तीनो लोको का स्वामी,

देखि दातारि हुई दुनिया दीवानी....-2

राजा बनाये पल भर में भिखारी को,

करते निहाल भोले अपने पुजारी को,

देख ले माँग के माँग के,

तेरा बिगड़ा मुक्कदर सवर जायेगा,

तेरा दामन भी खुशियों से भर जायेगा।

भोला भाला है दिल इसका बड़ा है,

देखे कभी ना कौन लेने खड़ा है...-2

रावण को सोने की लंका दे डाली,

सोनू लौटाया नहीं किसी को भी खाली,

देख ले माँग के माँग के,

तेरा बिगड़ा मुक्कदर सवर जायेगा,

तेरा दामन भी खुशियों से भर जायेगा।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।