खाटू की ये गालियां होंगी मशहूर

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

खाटू की ये गालियां होंगी मशहूर,

खाटू की गलियों में जाना है जरुर,

चलो खाटू चलिए,

चलो खाटू चलिए,

बिगड़े काम बनाता है तू,

हारे का सहारा मेरा बाबा श्याम तू,

चलो खाटू चलिए,

चलो खाटू चलिए।

रहूं कैसे तेरे बिन सुन सांवरे,

हम सब हैं बाबा,

तेरे बाँवरे,

एह खाटू दी गालियां गालियां ने,

हैं जन्नत वरगियाँ वरगियाँ ने,

एह खाटू दी गालियां गालियां ने,

हैं जन्नत वरगियाँ वरगियाँ ने।

झूमें झूमें झूमें प्रेमी,

दर तेरे बाबा,

तू ही प्रेमियाँ दे दिल दा,

चन्न वे बाबा,

तेरे बिना मेरा होवे ना गुजारा,

साथ निभावी मेरा,

तू ही है सहारा,

तेरे दर पे बाबा जो आता,

कभी दर से खाली ना जाता।

एह खाटू दी गालियां गालियां ने,

हैं जन्नत वरगियाँ वरगियाँ ने,

एह खाटू दी गालियां गालियां ने,

हैं जन्नत वरगियाँ वरगियाँ ने।

चमका दे मैं भी हाँ,

तेरे आंगन दा तारा,

सौंप दित्ता तेन्नु मैं अपना,

जीवन एह सारा,

तेरे नाळ गुजारा मेरा,

तीनबाण धारी,

कृपा करो मेरे,

मेरे श्याम बिहारी,

इतना मैं तुझमे खो जाऊ रे,

सब भूल कर बीएस यही गाऊं मैं,

एह खाटू दी गालियां गालियां ने,

हैं जन्नत वरगियाँ वरगियाँ ने,

एह खाटू दी गालियां गालियां ने,

हैं जन्नत वरगियाँ वरगियाँ ने।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।