सोणा लागे दरबार

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

सोणा सोणा लागे दरबार हम को,

सोणा सोणा लागे सरकार,

कर श्याम तेरा दीदार मैं अपना दिल गया हार,

मुझे आप से हो गया प्यार संवारे,

मुझे आप से हो गया प्यार,

सोणा सोणा लागे दरबार हमको,

सोणा सोणा लागे सरकार हमको....

माथे पे मुक्त बिशाला गल में बेजंती माला,

सज धज के बैठा मेरा खाटूवाला,

केसरिया बागा क्या खूब लगे है,

दर्शन करके मेरे भाग जगे है,

पाँव श्याम तेरा दीदार मैं अपना दिल गया हार,

मुझे आप से हो गया प्यार संवारे,

मुझे आप से हो गया प्यार,

सोणा सोणा लागे दरबार हमको,

सोणा सोणा लागे सरकार हमको....

सूरत है प्यारी प्यारी जाऊ मैं वारि वारि,

तेरा दीवाना तुझपे बलिहारी,

कही नजर लगे ना बच के रहना,

भीड़ बहुत है ज़रा संबल के रहना,

श्याम तेरा दीदार मैं अपना दिल गया हार,

मुझे आप से हो गया प्यार संवारे,

मुझे आप से हो गया प्यार,

सोणा सोणा लागे दरबार हमको,

सोणा सोणा लागे सरकार हमको....

सूरज और चंदा फीके तारे सितारे फीके,

तेरे आगे सारे नज़ारे फीके,

एक तू ही तू है मेरे दिल में समाया,

दास को चैन तुझसे मिल कर आया,

कर श्याम तेरा दीदार मैं अपना दिल गया हार,

मुझे आप से हो गया प्यार संवारे,

मुझे आप से हो गया प्यार,

सोणा सोणा लागे दरबार हमको,

सोणा सोणा लागे सरकार हमको....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।