तू भज ले राम नाम

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

तू भज ले राम नाम अर्जेंट,

आना जाना यहां निरंतर कोई ना परमानेंट,

तू भज ले राम नाम अर्जेंट.....

काम क्रोध मद लोभ के खुल रहे रेस्टोरेंट,

खा लो पी लो मौज उड़ा लो करना पड़े पेमेंट,

तू भज ले राम नाम अर्जेंट......

राम भजन और दान पुण्य किया ना डेवलपमेंट,

क्या ईश्वर को पेश करेगा अपना डॉक्यूमेंट,

भज ले राम नाम अर्जेंट......

कोट पैंट और टाई लगाकर बन रहे अप टू डेंट,

ना जाने इस जीवन का कब हो जाए एक्सीडेंट,

भज ले राम नाम अर्जेंट......

कॉल बली का आने वाला गिरफ्तारी वारंट,

भूल जाएगा एक ही पल में सुनने का जजमेंट,

भज ले राम नाम अर्जेंट......

यह मेरा है वह मेरा है कर रहा एग्रीमेंट,

लेखा सबको देना होगा लेडी हो या जेंट्स,

भज ले राम नाम अर्जेंट......

जीवन देने वाले प्रभु से हो बैठा अब्सेंट,

संतों की शिक्षा ना लेकर बना ना स्टूडेंट

भज ले राम नाम अर्जेंट......

कुकर सूकर बनकर आया रेड कैंट एलीफेंट,

ईश्वर ने कृपा करके नर्तन दिया तुझे प्रजेंट,

भज ले राम नाम अर्जेंट.......

सद ग्रंथों का सार यही है सार है एक्सीडेंट,

प्रभु शरण में आजा नहीं तो तेरे उड़ जाएंगे तंबू टेंट,

भज ले राम नाम अर्जेंट.......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।