हो हो हो हो श्याम तेरी मुरली बजे

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हो हो हो हो श्याम तेरी मुरली बजे

मुरली बजे मुरलिया बजे

हो हो हो हो तेरे भगतो के मन में बजे

हो हो....

हुयो बजे तालाबों बजे

हो हो हो हो किसी धोबिन के मन में बजे

हो हो....

बागो बजे बगीचों बजे

हो हो हो हो किसी मालिन के मन में बजे

हो हो.....

मंदिर बजे मस्जिद बजे

हो हो हो हो किसी पुजारिन के मन में बजे

हो हो.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।