लाया हूं क्षृद्धा के दाता

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

लाया हूँ क्षृद्धा के दाता, दो सुमन तेरे लिए,

वन्दना तेरे लिए है, और नमन तेरे लिए,

लाया हूँ क्षृद्धा के दाता.....

दास हूँ तेरा कन्हैया, कुछ दया कर दीजिए,

मैने फैलाई है झौली, देके वर भर दीजिए,

मांगता हूँ ये करूं, गुण कथन तेरे लिए,

लाया हूँ क्षृद्धा के दाता.....

शीश दानी हो प्रभु तुम, काम मेरे आइये,

ज्ञान का देकर ऊजाला, रास्ता दिखलाइये,

है नहीं मुशिकल हे दाता, इक किरण तेरे लिए

लाया हूँ क्षृद्धा के दाता.....

उड़ गये सुख साज सारे, एक आंधी वो चली,

आ चुभी सीने मे मेरे, घोर विपदा की शली,

चैन मिल जाये करूं मैं, यूं रूदन तेरे लिए,

लाया हूँ क्षृद्धा के दाता......

है नहीं मिष्ठाेन मेवा, ना ही धन लाया हूँ मैं,

भावना के टूक सुखे, लेके बस आया हूँ मैं

अब ‘गजेसिहं’ भेट में दे, क्या.रतन तेरे लिए,

लाया हूँ क्षृद्धा के दाता......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।