चर्चे सुने हज़ार श्याम के

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

आई हूँ खाटू, मैं पहली बार,

चर्चे सुने हैं, इनके हज़ार,

प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु,

हम, प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु………

सुन के श्याम चर्चे,

मैं खुद को नहीं रोक पाई,

नंगे पाँव चलके,

श्याम दातार के दर पे आई,

फूलों में बैठे हैं,

लग रहे प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु,

प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु………..

हो गई दीवानी,

जब से देखी है सूरत ये प्यारी,

खाटू से वापस जाऊँ,

अब ये नियत नहीं हमारी,

देख चुकी दुनियाँ मैं,

दुनिया से न्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु,

प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु……..

होली क्या दशहरा,

अब दिन है यहाँ पे दिवाली,

मैंने आके देखा,

कोई जाता नहीं दर से खाली,

हम इनको प्यारे हैं,

हमें भी दुलारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु,

प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु……….

आई हूँ खाटू, मैं पहली बार,

चर्चे सुने हैं, इनके हज़ार,

प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु,

हम, प्रेमियों के प्यारे हैं,

मेरे श्याम प्रभु……..

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।