बजरंगी बेड़ा पार करो

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

आज दाँव लगी है मेरी आन,बजरंगी बेड़ा पार करो

पार करो बेड़ा पार करो-(२)

आज दाँव लगी है मेरी आन,बजरंगी बेड़ा पार करो

सब बैठे हैं आस लगाए,कुछ न कुछ सब मुझसे चाहें

तेरे हाथ है बाबा मेरी शान,बजरंगी बेड़ा पार करो

कितना चाहा बात बने न,खुशियों के हालात बने न

दुश्मन हो गया है ये जहान,बजरंगी बेड़ पार करो

तेरा ही है एक सहारा,तेरे सिवा यहाँ कौन हमारा

तू है भगतों की जान,बजरंगी बेड़ा पार करो

मेरी तुम अरदास सुनोगे,छोटा सा मेरा काम करोगे

'मोहित का बचा लो मान',बजरंगी बेड़ा पार करो

मोहित साईं(भजन गायक एवं लेखक)

अयोध्याधाम

+919044466616

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।