गणपत जी मेरे घर आये

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

गणपत जी मेरे घर आये,

घर में खुशियां ही खुशियां छायी।।

गणपत जी ने सबपे उपकार किया,

गणपत जी मेरे घर आये,

घर में खुशियां ही खुशियां छायी।।

रिद्धि सिद्धि के दाता है गणपत जी,

बल बुद्धि के दाता है गणपत जी,

गणपत जी मेरे घर आये,

घर में खुशियां ही खुशियां छायी।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।