बालाजी मेरे घर आना

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

मेरा बिल्कुल बगल में मकान, बालाजी मेरे घर आना,

रामभगत हनुमान, बालाजी मेरे घर आना॥

बाबा तेरे पैर हमारे घर पे पड़ जाये,

तेरा मेरा मेरा तेरा प्रेम बढ़ जाए,

एक बार बनके मेहमान, बालाजी मेरे घर आना,

मेरा बिल्कुल बगल में मकान, बालाजी मेरे घर आना॥

आज सारी रात बाबा बजेगी शहनाई,

ज्योत जलेगी और बटेंगी मिठाई,

रखना गरीबों का भी मान, बालाजी मेरे घर आना,

मेरा बिल्कुल बगल में मकान, बालाजी मेरे घर आना॥

आज सारी रात बाबा भजन सुनाएंगे,

नाचेंगे झूम झूम सबको नचाएंगे,

कर दो हमारा कल्याण, बालाजी मेरे घर आना,

मेरा बिल्कुल बगल में मकान, बालाजी मेरे घर आना॥

भक्तों की अर्जी पे बाबा मोहर लगा दो,

संकट मिटा दो बाबा दर्श दिखा दो,

सुनके हमारी फरियाद, बालाजी मेरे घर आना,

मेरा बिल्कुल बगल में मकान, बालाजी मेरे घर आना,

रामभगत हनुमान, बालाजी मेरे घर आना॥

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।