कभी लो खबर हमारी

संजय मित्तल
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

कभी लो खबर हमारी,

कभी हाल पूछ जाओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ,

दिनों के तुम सहारे,

कभी तो गले लगाओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ।।

हो एक गम तो सह भी ले,

गम भी तो है हजारो,

कैसे जियेंगे बाबा,

तुम ही जरा विचारो,

दुःख सारे अब हरो तुम,

सुख नीर तुम बहाओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ।।

अपने हुए पराए,

कैसी ये दुनियादारी,

रिश्तो पे भी है बाबा,

मतलब पड़ा है भारी,

अपना बना के बाबा,

अपने है क्या बताओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ।।

किस्मत को है मनाते,

कभी तुमको है मनाते,

इक दिन तो आएगा तू,

खुद को है ये बताते,

किस्मत भले ना माने,

‘निर्मल’ तुम मान जाओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ।।

कभी लो खबर हमारी,

कभी हाल पूछ जाओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ,

दिनों के तुम सहारे,

कभी तो गले लगाओ,

मेरे श्याम आ जाओ,

घनश्याम आ जाओ।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।