हम तो बाबा के दीवाने हैं

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है,

श्री श्याम श्याम कहते है, बाबा श्याम कहते है,

जब से नज़र मिले श्याम से, हम हो गए दीवाने है,

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है ॥

मेरी आँखों में मूरत तेरी, दिल में तेरा नाम है,

मुझे दुनिया की परवाह नही, मेरे संग में बाबा श्याम है,

जो चलाता है ससार को, उसको लखदातार कहते है,

उसको लखदातार कहते है, खाटू वाला कहते है,

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है ॥

खाटू धाम जो भी गया, उसने बाबा का दर्शन किया,

भूल गया ससार को, वो तो उसी का हुआ,

जो देके भूल जाते है, उसे सवारिया सरकार कहते है,

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है,

श्री श्याम श्याम कहते है, बाबा श्याम कहते है,.

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है ॥

वो तो हर पल मेरे साथ है, डरने के क्या बात है,

मुश्किलों से ना हारा कभी, जिसके सर पे तेरा हाथ है,

सच की खातर जिसने शीश दे दिया, उसको सवारिया कहते है,

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है,

श्री श्याम श्याम कहते है, बाबा श्याम कहते है,.

हम तो बाबा के दीवने है, श्री श्याम श्याम कहते है..........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।