बात दिल की मेरी आज सुन साँवरे

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बात दिल की मेरे, आज सुन सांवरे,

तू मुझे घर घड़ी, आज़माया ना कर,

तू है मालिक मेरा, मैं तेरा दास हूँ,

मेरे बदले किसी को, बुलाया ना कर,

बात दिल की मेरे, आज सुन सांवरे,

तू मुझे घर घड़ी, आज़माया ना कर॥

बात दिल की मेरे।

चाहे जितना मेरा, इम्तिहान ले,

मैं तेरा हूँ तेरा, बात मान ले,

बेकदर यूँ ना कर, तेरा छोड़ू ना दर,

छोड़ ना तू मुझे, ऐ मेरे सांवरे,

देख कर यूँ मुझे, मुस्कुराया ना कर,

बात दिल की मेरे, आज सुन सांवरे,

तू मुझे घर घड़ी, आज़माया ना कर,

बात दिल की मेरे।

कैसे जाऊँगा मैं, तेरे द्वार से,

पास अपने बिठा ले, तू प्यार से,

ये सितम कर ख़तम, जी ना पाएंगे हम,

तेरी चौखट पे ही, जीना मरना मुझे,

तुझको मेरी कसम, यूँ रुलाया ना कर,

बात दिल की मेरे, आज सुन सांवरे,

तू मुझे घर घड़ी, आज़माया ना कर,

बात दिल की मेरे।

तेरे बिन सांवरे, चैन पाऊं ना,

छोड़ दामन तेरा, दूर जाऊं ना,

है सही सच यही, झूठ कहता नहीं,

तेरे खाटू में ही, सांस लूँ आखिरी,

हाथ सर से मेरे तू, हटाया ना कर,

बात दिल की मेरे, आज सुन सांवरे,

तू मुझे घर घड़ी, आज़माया ना कर,

बात दिल की मेरे, आज सुन साँवरे,

तू मुझे घर घडी, आजमाया ना कर,

तू है मालिक़ मेरा, मैं तेरा दास हूँ,

मेरे बदलें किसी को, बुलाया ना कर।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।