बाबा मोहनराम तेरी खोली मै

पारंपरिक
श्री राम भजन विविध भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

बाबा मोहनराम तेरी खोली मै,

बाबा मोहनराम तेरी खोली मै,

मागूं सूं करकै झोली मै।।

किसे बाँझ के लाल जना दे हो,

किसे बाँझ के लाल जना दे हो,

मेरो भी ढूंढ बसाते हो,

रोऊ सूं बैठी पोली मैं,

मागूं सूं करकै झोली मै,

बाबा मोहनराम तेरी खोली मै,

मागूं सूं करकै झोली मै।

बाबा कर दे छोटा सा यो काम मेरा,

बाबा कर दे छोटा सा यो काम मेरा,

मैंने बहुत सुणा सै नाम तेरा,

तेरी बेटी सूं भोली मैं,

बाबा मोहनराम तेरी खोली मै,

मागूं सूं करकै झोली मै।

मेरी सास घणी कलिहारी से,

छोड़न का प्लान बना रही से,

मर ज्यांगी खाके गोली मैं,

मागूं सूं करकै झोली मै,

बाबा मोहनराम तेरी खोली मै,

मागूं सूं करकै झोली मै।

बाबा मोहन राम मेरा भर पेटा,

बाबा मोहन राम मेरा भर पेटा,

मैंने दे दे विजय सा एक बेटा,

फिर आऊं नाचती टोली में,

मागूं सूं करकै झोली मै

बाबा मोहनराम तेरी खोली मै,

मागूं सूं करकै झोली मै.......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।