लिखता था जय श्री श्याम वो ही काम आ गया

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

विपदा आने वाली थी,

पर श्याम आ गया,

लिखता था जय श्री श्याम,

वो ही काम आ गया ॥

किये कौन से भले करम थे,

बीते जन्मो में मैंने,

श्री श्याम कृपालु उसका,

फल आये मुझको देने,

मेरी परीक्षा का जैसे,

परिणाम आ गया,

लिखता था जय श्री श्याम,

वो ही काम आ गया ॥

मेरे सारे संकट काटे,

मेरे बिगड़े काम बनाये,

मेरी जब जब नैया डोले,

ये आकर पार लगाए,

मेरी श्रद्धा भक्ति का,

ईनाम आ गया,

लिखता था जय श्री श्याम,

वो ही काम आ गया ॥

जब जब मैंने सोचा है,

उसके दर पर जाऊँगा,

इस मन की व्यथा सुना कर,

उसकी कृपा पाऊंगा,

उससे पहले श्याम का,

पैगाम आ गया,

लिखता था जय श्री श्याम,

वो ही काम आ गया,

विपदा आने वाली थी,

पर श्याम आ गया,

लिखता था जय श्री श्याम,

वो ही काम आ गया ॥

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।