आगये भोले हम आ गए

लखबीर सिंह लक्खा
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

आगये भोले हम आ गए,

बोल बम बोल बम बोल बम

आगये भोले हम आ गए।।

एक नहीं दो नहीं नहीं तीन चार,

कावड़ियों की आयी बाबा लम्बी कतार देखो,

आगये.... भोले हम आ गए ।।

पैदल है आने वाले

तुझको रिझाने वाले

जल चढ़ाने वाले।।

एक नहीं दो नहीं नहीं तीन चार,

कावड़ियों की आयी बाबा लम्बी कतार देखो,

आगये....भोले हम आ गए ।।

सावन की ऋतू आज क्या मस्ती लायी है

लेके तेरा नाम ये कावड़ उठायी है

भोले बाबा तेरे मिलन को,

खूब तपाया अपने बदन को,

ऋतू सावन को अपने मन भाया है,

रिमझिम बारिश खूब चले पुरवाई है।।

आगये.... भोले हम आ गए

एक नहीं दो नहीं नहीं तीन चार

कावड़ियों की आयी बाबा लम्बी कतार देखो

आगये.... भोले हम आ गए ।।

कोई खड़े कोई डाक कावरिया आया है,

भरके कोई दो दो गगरी कोई झूला लाया है,

बोल रहे है सारे बम बम

बम बम जपते मिटते है गम

आके तेरे दर पे शीश झुकाया है

देवो में महादेव तुहि तो कहलाया है।।

आगये.... भोले हम आ गए

एक नहीं दो नहीं नहीं तीन चार

कावड़ियों की आयी बाबा लम्बी कतार देखो

आगये.... भोले हम आ गए ।।

जो भी सच्चे दिल से कावड़ लता है,

गंगा जल और बेल के पत्र चढ़ाता है,

मुँह माँगा वर आप हो देते,

भक्तो की झोली भर देते,

हर हर बम बम जो भी प्रेम से जाता है,

सोई किश्मत तेरे दर पे जगाता है।।

हो हो.... आगये.... भोले हम आ गए

बोल बम बोल बम बोल बम

आगये भोले हम आ गए।

पैदल है आने वाले

तुझको रिझाने वाले

जल चढ़ाने वाले।।

एक नहीं दो नहीं नहीं तीन चार,

कावड़ियों की आयी बाबा लम्बी कतार देखो,

आगये....भोले हम आ गए ।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।