आए नवरातों के त्योहार

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

आए नवरातों के तयौहार-मैया तेरी जय होवे

जय होवे तेरी जय होवे-

खुशियों की हुई बौछार-मैया तेरी जय होवे

ऊँचे पर्वत से तू आजा,प्यासे नैनों की प्यास बुझा जा

भगतों पे लुटा दे प्यार-मैया तेरी जय होवे

दर पे जो भी आए तेरे,दूर करे तू उसके अंधेरे

हो जाए सुखी परिवार-मैया तेरी जय होवे

जयकारों से गूँजी गलियाँ,खिल उठी हर मन की कलियाँ

झूमे नाचे सारा संसार-मैया तेरी जय होवे

मेरे सिर पे हाथ हो तेरा,प्राण निकल जाए फिर मेरा

"मोहित" हो जा सुन ले पुकार-मैया तेरी जय होवे

मोहित साईं(भजन गायक एवं लेखक)

अयोध्या धाम. +91-9044466616

जय माता दी

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।