आजा भक्तो की सुनके पुकार

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

आजा भक्तो की सुनके पुकार,

ओ मरघट वाले बाबा जी,

रोज करते है तेरा इंतजार,

ओ मरघट वाले बाबा जी,

आजा भक्तों की सुनके पुकार,

ओ मरघट वाले बाबा जी।।

मिल जाए जो तेरा सहारा,

कट जाएगा कष्ट हमारा,

लिए बैठे है फूलों के हार,

लिए बैठे है फूलों के हार,

ओ मरघट वाले बाबा जी,

आजा भक्तों की सुनके पुकार,

ओ मरघट वाले बाबा जी।।

रस्ते में तेरे नैन बिछाए,

बैठे है हम आस लगाए,

और आएँगे मंगल शनिवार,

और आएँगे मंगल शनिवार,

ओ मरघट वाले बाबा जी,

आजा भक्तों की सुनके पुकार,

ओ मरघट वाले बाबा जी।।

महिमा तेरी सबसे निराली,

द्वार पे तेरे आके सवाली,

तेरी आरती उतारे बारम्बार,

तेरी आरती उतारे बारम्बार,

ओ मरघट वाले बाबा जी,

आजा भक्तों की सुनके पुकार,

ओ मरघट वाले बाबा जी।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।