बालाजी आओ कीर्तन में

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

आज सजाया दरबार,

बालाजी आओ कीर्तन में,

राम के आज्ञाकार,

बालाजी आओ कीर्तन में......

ज्योत जगाये तुम्हे मनाये,

सवा मणि का भोग लगाए,

ज्योत जगाये तुम्हे मनाये,

सवा मणि का बाबा भोग लगाए,

आके दो दीदार,

बालाजी आओ कीर्तन में।।

आज सजाया दरबार......

कोतवाल भैरव को लाना,

प्रेतराज को भूल ना जाना,

कोतवाल भैरव को लाना,

प्रेतराज को भूल भी ना जाना,

कर दो सभी का उध्दार,

बालाजी आओ कीर्तन में।।

आज सजाया दरबार......

तेरे नाम की फेरी है माला,

आके कर दो घट में उजाला,

बाबा तेरे नाम की फेरी है माला,

आके कर दो घट में उजाला,

दूर करो अंधकार,

बालाजी आओ कीर्तन में।।

आज सजाया दरबार,

बालाजी आओ कीर्तन में..........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।