मैया रानी बनूँ पुजारी

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

मैया रानी बनूँ पुजारी शेर सवारी पे आ जाना

रात दिन तेरी सेवा करुंगा, फल मुझको तुम दे देना

पंडित बनूंगा, पूजा करुंगा,

मंदिर में मुझे मिल जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा……

माली बनूंगा, कलियाँ चुनूंगा,

फूलों में मुझे मिल जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा……

दर्जी बनूंगा, लहंगा सिलूंगा,

घोटे में मुझे मिल जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा……

सुनार बनूंगा मुकुट बनाऊंगा,

मोती में मुझे मिल जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा……

करता बनूंगा, सेवा करूंगा,

भवन में मुझे मिल जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा……

भक्त बनूंगा, जगराता करूंगा,

सत्संग में मुझे मिल जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा……

मैया रानी बनूँ पुजारी शेर सवारी पे आ जाना,

रात दिन तेरी सेवा करुंगा, फल मुझको तुम दे देना......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।