राम नाम का गुणगान करो

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

राम नाम ही सत्य है केवल,

राम का गुणगान करो,

भूल के इस झूठे जग को इक,

पल तो राम का ध्यान धरो,

राम नाम हीं सत्य हैं केवल,

राम का गुणगान करो।।

जितना चमका ना है चमका,

तन मिट्टी ही होना है...-2

कुछ चन्दन की लकड़ी आखिर,

बस तेरा ही बिछोना है,

हाड़ मांस की काया है ये,

इस पर ना अभिमान करो,

राम नाम हीं सत्य हैं केवल,

राम का गुणगान करो।।

मृगतृष्णा की तरह पगले,

किसकी खोज में भटक रहा...-2

क्षण भंगुर जीवन है तेरा,

किसमे मन ये अटक रहा,

रह जाएगा धरा यहीं पर,

काम क्रोध ना मान करो,

राम नाम हीं सत्य हैं केवल,

राम का गुणगान करो।।

राम नाम ही साथ चलेगा,

जब तू मरघट जाएगा...-2

इस दुनिया का हर एक प्यारा,

दूर खड़ा रह जाएगा,

केवल इतना सत्य है ‘शर्मा’,

सत्य से ना अनजान बनो,

राम नाम हीं सत्य हैं केवल,

राम का गुणगान करो।।

भूल के इस झूठे जग को इक,

पल तो राम का ध्यान धरो,

राम नाम हीं सत्य हैं केवल,

राम का गुणगान करो।।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।