श्याम हमारा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मै ना भूल पाऊँ तेरा द्वार बाबा मुझे तो मिला बस तेरा ही सहारा,

तेरे बिना दिल लगता नहीं है खाटू वाला तू है श्याम हमारा,

एक तमन्ना है बस दिल की...-2

लेता रहूँ मैं नाम तुम्हारा,

मै ना भूल पाऊँ तेरा द्वार बाबा मुझे तो मिला बस तेरा ही सहारा.......

सांसे मेरी आज थमने लगी अ मेरे सांवरे कुछ ना आता नजर

क्या क्या बयां मैं करूँ मेरे श्याम सब कुछ तो है बाबा तुझको खबर

मैं थक चुका हूँ इस दुनिया से...-2

हारे हुए को अब साथ तुम्हारा,

मै ना भूल पाऊँ तेरा द्वार बाबा मुझे तो मिला बस तेरा ही सहारा.......

जीवन में मेरे कुछ बी ना था जो भी है मिला सब तुमसे मिला

मैं एक बुझा हुआ दीपक सा था तूने ही मुझे अब रोशन किया

दूर नहीं जा सकता मैं तुमसे.... -2

है मुझको विशवास तुम्हारा,

मै ना भूल पाऊँ तेरा द्वार बाबा मुझे तो मिला बस तेरा ही सहारा.......

याद तेरी हर पल आती है मैं जी ना संकु श्याम तेरे बिना,

मुझको जरूरत बस एक तेरी ना तेरे बिना अब कोई यहाँ,

ओ खाटू वाले दर पे बुला ले....-2

हमने तो बाबा तुमको पुकारा,

मै ना भूल पाऊँ तेरा द्वार बाबा मुझे तो मिला बस तेरा ही सहारा.......

मुशकिल मे था मैं जब बाबा तूने ही मेरा हर काम किया,

हाथ पकड़ लिया तुने मेरा कैसे मैं करूँ अब तेरा शुक्रिया,

रामपाल और विजय को मिला है...-2

केवल बाबा प्यार तुम्हारा,

मै ना भूल पाऊँ तेरा द्वार बाबा मुझे तो मिला बस तेरा ही सहारा.......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।