आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे

जया किशोरी जी
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे,

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे,

मीरा बुलावे ठाणे , दासी बुलावे रे

मीरा बुलावे ठाणे , दासी बुलावे रे , दासी बुलावे रे

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे.....

बाबा सा और मायड़ महान , लाड लड़ावे

राम जाने राणा संग क्यों मन ब्याही...-2

दुनिया री प्रीत महान दाए कोणी आवे रे

दुनिया री प्रीत महान दाए कोणी आवे रे

दाए कोणी आवे रे.....

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे......

तुलसी की माला कंठी सेवा सा लग राम जी

जप तप छोड़ी मीरा धुन घनश्याम की...-2

भगवा उतारो मीरा रानो समझावे रे

भगवा उतारो मीरा रानो समझावे रे ,

रानो समझावे रे....

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे......

पत्थर ने काई पूजो बोले यो राणा जी

ठाकुर ने जिमावो जाना प्रीत साची माना जी...-2

जूठी कपत्नी कुल के दाग लगावे रे

जूठी कपत्नी कुल के दाग लगावे रे , दाग लगावे रे

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे......

दूध को कटोरो भरे लाया मीरा बायीं

पीओ म्हारा श्याम ठाणे मीरा री दुहाई...-2

मीरा की पुकार सुन श्यामधणी आयो

मीरा की पुकार सुन श्यामधणी आयो, श्यामधणी आयो

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे......

मीरा की पुकार श्यामधणी आयो

दूध को कटोरो भरियो सारो गटकायो...-2

भोला भगत रे ठाकुर लाज बचावे रे

भोला भगत रे ठाकुर लाज बचावे रे , लाज बचावे रे

आजा मनमोहन मीरा मिड़तनी बुलावे.........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।