बम भोले

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

अकाल मृत्यु मरता

काम करता जो चंडाल का

काल उसका क्या बिगाड़े

भक्त जो महाकाल का -4

बम भोले बम बम

बम भोले बम बम

भोले की मस्ती में हम

बम भोले बम बम

बम भोले बम बम

बम भोले बम बम

भोले की मस्ती में हम

बम भोले बम बम

भोले की मस्ती में नाचेंगे सारे

भोले हारेंगे जो कष्ट तुम्हारे

भोले के नाम पे चलती ये दुनिया

पार लगेगा के भोले के सहारे

भोले के नाम के दीवाने हुए हम

फिर भूल गये हम तो सारे ज़िंदगी के गम

तुझे देंगे भोले दर्शन साक्षात सामने

जैसे हनुमान जी को दिए श्री राम ने

भोले की भक्ति मैं मिलके सारे आज बोले

हर हर महादेव महाकाल बम बोले

बम भोले बम भोले

बम भोले बम बम भोले

बम बम भोले

बम बम बम बम बम बम

बम बम बम बम बम भोले

डर ना किसी बात का

साथ भोलेनाथ का

सर पे मेरे हाथ भोले तेरे आशीर्वाद का

डर ना किसी बात का

साथ भोलेनाथ का

सर पे मेरे हाथ भोले तेरे आशीर्वाद का

शिव शम्भू, शिव शंकर

तेरा नशा है चढ़ा बस हम पर

लेके नाम भोले का हूँ निहाल

मन में ना है कोई ख्याल

भोले में मैं मगन हूँ

वो जानता है सबका हाल

बस्तो के टोले में

खोये सारे भोले में

भूल गए है दुनिया

जब से मन लगा है भोले में

मुझपे चढ़ा है बस भोले का रंग

हर कण में हर क्षण में

हैं भोले मेरे संग

लेके तेरा नाम भक्ति में तेरे ही रहा हूँ

सबकुछ छोड़ के शक्ति में तेरी जी रहा हूँ

बम बम बम भोले भोले

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।