॥ पावन पाठ ॥
मेरी आज भी तू,
अरदास भी तू ,
मेरा दिन भी तू ,
और रात भी तो ।
मेरा दिल भी तू ,
और जान भी तू ,
मेरा मान भी तू ,
अरमान भी तू ,
।।मेरे जीवन का विश्वास भी तो।
मेरी आज भी तू,
अरदास भी तू ,
मेरा दिन भी तू ,
और रात भी तो ।
मेरा दिल भी तू ,
और जान भी तू ,
मेरा मान भी तू ,
अरमान भी तू ,
।।मेरे जीवन का विश्वास भी तो।