हे पिंजरे की ये मैना

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन राम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हे पिंजरे की ये मैना, भजन कर ले राम का,

भजन कर ले राम का, भजन कर ले श्याम का॥

हे पिंजरे की ये मैना, भजन कर ले राम का....

राम नाम अनमोल रतन है, राम राम तूँ कहना,

भवसागर से पार होवे तो, नाम हरि का लेना॥

हे पिंजरे की ये मैना, भजन कर ले राम का....

भाई-बन्धु कुटुम्ब कबीलो, कोई किसी को है ना,

मतलब का सब खेल जगत् में, नहीं किसी को रहना॥

हे पिंजरे की ये मैना, भजन कर ले राम का....

कोड़ी-कोड़ी माया जोड़ी, कभी किसी को देई ना,

सब सम्पत्ति तेरी यहीं रहेगी, नहीं कछु लेना-देना॥

हे पिंजरे की ये मैना, भजन कर ले राम का....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।