रखवाला

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तू ही फलक है सितारा है तू

अंधेरो में रोशन नज़ारा है तू

हमें नाज़ तुझ पर हमारा है तू

हारे हुओ का सहारा है तू

खाटू के मंदिर में,

बैठा देव निराला

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला-2

दुखियों के ये दुखड़े हरता,

अहिलावती का लाला

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला,

खाटू के मंदिर में,

बैठा देव निराला.....

दुनियाँ ने ठुकराया जब जब,

हाथ मेरा इसने थामा तब तब-2

बाँहों में भरकर के गिरने से संभाला,

रखवाला रखवाला सबका रखवाला,

खाटू के मंदिर में,

बैठा देव निराला,

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला।

मुश्किल चाहे जितनी बड़ी हो,

साथ में बस मेरा श्याम धणी हो-2

माझी बन भक्तों की नाव चलाने वाला

रखवाला रखवाला सबका रखवाला

खाटू के मंदिर में,

बैठा देव निराला,

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला।

हार के जो आया इस दर पे,

पल में रंक से राजा कर दे-2

श्याम ने अपने प्रेमी को,

कभी ना दर से टाला

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला

खाटू के मंदिर में,

बैठा देव निराला...

श्याम नाम आधार है जिनका,

श्याम सहायक बनता उनका-2

परछाई बन दीपक,

संग चलता खाटू वाला

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला

खाटू के मंदिर में,

बैठा देव निराला,

रखवाला रखवाला,

सबका रखवाला।

दुखियों के ये दुखड़े हरता,

अहिलावती का लाला

रखवाला रखवाला.......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।