जो पागल बांके बिहारी का

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

यह दुनिया पागल खाना है

यहाँ पागल आते जाते है

और मेरा मेरा कहने वाले,

वो भी पागल बनकर जाते है,

कोई पागल है धन दौलत का,

कोई पागल बेटे नारी कई,

असली पागल तो वो पागल ,

जो पागल बांके बिहारी का,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।