वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

पारंपरिक
शनि देव भजन शनि देव भजन shani
॥ पावन पाठ ॥

हरते हैं जो संकट सबके

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

जगाते हैं आस जो जीवन में

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

दर पे आपके जो दुःखी जाते हैं,

वो हँसी मुख पर लेकर आते हैं

दुःख दर्द जो सबके हरते हैं

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

हरते हैं जो संकट सबके

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

दया से आपकी भगवान

बनती है बिगड़ी हुई किस्मत

गाता है गुण जगत सारा जिनके

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

हरते हैं जो संकट सबके

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

जगाते हैं आस जो जीवन में

वो शनिदेव शिगनापुर वाले हैं

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।