सवामणी बालाजी महाराज के लिए

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

सवामणी बालाजी महाराज के लिए

भैरव के लिए प्रथ्वीराज के लिए

सवामणी बालाजी महाराज के लिए

भैरव के लिए प्रथ्वीराज के लिए

पहला पहला भोग मैं तो बाबा का लागू

भैरव पृथ्वीराज के काया पद जाओ

लाल लंगोटा जाबाज के लिए

भैरव के लिए प्रथ्वीराज के लिए

सवामणी महाराज बालाजी के लिए

भैरव के लिए प्रथ्वीराज के लिए

मोटे मोटे लडडुआ पे नाम लिखवाया

मौका बड़े दिनों आज आया

रोट चढ़ाया सरताज के लिए

भैरव के लिए प्रथ्वीराज के लिए

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।