एक तेरे भरोसे श्याम मेरी नाव रे

अलका गोएल
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

दया करो मेरे श्याम किरपा करो मेरे श्याम,

थक से गए है अब तो श्याम मेरे पाओ रे,

एक तेरे भरोसे श्याम मेरी नाव रे,

दया करो मेरे श्याम .....

भटक गया हु श्याम सूजे न किनारा

तुझको पुकारे एक किस्मत का मारा,

मुझपे करो हे दानी करुना की शा रे,

एक तेरे भरोसे श्याम......

कैसे समबालू नैया इच धोल जावे,

कहा पे है हाथ मेरे पैर लड्खाये,

नदिया का देखा कितना तेज है बहाव रे,

एक तेरे भरोसे श्याम......

दीनन के दयाल आजा मुजको संबाल रे,

बीच बवर से मेरी कश्ती निकाल रे,

हर्ष नही ताने दे गा सारा गाँव रे,

एक तेरे भरोसे श्याम......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।