तीन बार भोजन भजन एक बारी

पारंपरिक
अन्य भजन बाबा बालक नाथ भजन bhajan
॥ पावन पाठ ॥

तीन बार भोजन भजन एक बार

बाबा तेरी माला जपे न एक बार

पहली वार माला जपने बैठी

आ गई पड़ोसन करन लगी बात

धर देयो माला बनाओ मेरा हार

दूजी बार माला जपने बैठी

आ गई बहु हान पटक दियो लाल

धर देयो माला खिलाओ मेरो लाल

तीजी बार माला जपने बैठी आ गई बेटी जमाई लेके साथ

घर देयो माला बिछाओ अब ठाठ

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।