जबलपुर में देखो बहे माई रेवा

उदय लकी सोनी (दशरमन)
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

बहे माई रेवा बहे माई रेवा,

जबलपुर में देखो बहे माई रेवा,

तोरे चरनन में हम सब रहें माई रेवा,

मरघट में देखो बहे माई रेवा

जबलपुर में देखो बहे माई रेवा....

अमरकंठ से निकली, मोरी माई रेवा

मकर वाहिनी तू मोरी माई रेवा

देखो कल कल की धारा, करे माई रेवा

अमरकंठ में देखो बहे माई रेवा

जबलपुर में देखो बहे माई रेवा

जब सब भगत तुम्हरे दर्शन खों आवें

दर्शन खों आवें और डुबकी लगावें

देखो हर हर नरबदे कहें माई रेवा.

अमरकंठ में देखो बहे माई रेवा

जबलपुर में देखो बहे माई रेवा

दयालु,कृपालु मोरी माई रेवा

सबके जीवन की रेखा,मोरी माई रेवा

जो भी दर्शन करे वो तरे माई रेवा

अमरकंठ में देखो बहे माई रेवा

जबलपुर में देखो बहे माई रेवा

गायक - उदय लकी सोनी (दशरमन)

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।