आना गौरा जी के लाल हमारे होली मे,

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

रिद्धि को लाना सिद्धि को भी लाना

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

भोले जी को लाना संग गौरा जी को लाना,

बाजे डमरु खड़ताल, हमारे घर होली में,

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

विष्णु जी को लाना संग लक्ष्मी जी को लाना,

करना माला माल हमारे घर होली में,

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

राम जी को लाना संग सीता जी को लाना,

रखना सबको खुशहाल हमारे घर होली में,

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

श्याम जी को लाना संग राधा जी को लाना,

खुशियों से झूमे संसार हमारे घर होली में,

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

आप भी आना संग नारद जी को लाना,

आकर बीणा बजाना हमारे घर होली में,

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

आप भी आना संग सखियों को भी लाना,

आकर रंग बरसाना हमारे घर होली में,

आना गौरा जी के लाल हमारे होली में,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।