चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा दरबार,

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बहुत बड़ा दरबार तेरो बहुत बड़ा दरबार,

चाकर रखलो राधा रानी तेरा बहुत बड़ा दरबार,

पूरब पचम उतर दशन दिशाओ में राज तेरा,

योगो योगो से चलती आये तेरी ही सरकार,

चाकर रखलो राधा रानी ......

तीन लोक चोदाहा भवनों में फेला कारोबार तेरा,

बड़े बड़े राजा महाराजा तेरे अगे सब लाचार,

चाकर रखलो राधा रानी........

ना मै मंगू धन दोलत में तो मंगू प्यार तेरा,

रहे बरसता हमपर प्यारी तेरा अमृत प्यार,

चाकर रखलो राधा रानी ......

छोड़ के इस दुनिया के झंझट आई हु दरबार तेरे,

नजर किरपा की हमपर श्यामा करदो एक बार,

चाकर रखलो राधा रानी .........

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।