जय बोलो बजरंग बलि की आज मंगल वार है

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

राम के दुलारे माता झांकी के प्यारे तुम्हे नमन हजारो बार है

जय बोलो बजरंग बलि की आज मंगल वार है,

मंगल को जन्मे मंगल मूर्ति हनुमत मंगल कारी है,

महा विशाला अति विकराला हनुमान बलधारी है

पवन बेग से उड़ने वाले मनुष तेज रफ्तार है,

जय बोलो बजरंग बलि की आज मंगल वार है,

सिया के सेवक दास राम के सारी अवध के प्यारे है

दीन हीन साधू संतो के रक्षक है रखवारे है

त्रेता युग से इस कलयुग तक हो रही जय जय कार है

जय बोलो बजरंग बलि की आज मंगल वार है,

मंगल के दिन क्यों जाता है मंदिर में हनुमान के

शनि देव जी खुश रेहते है लकी उस इंसान से

उसके अब अविनाश के उपर किरपा की भरमार है

जय बोलो बजरंग बलि की आज मंगल वार है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।