जब से हम को साईं का दीदार मिल गया

पारंपरिक
श्री राम भजन साईं भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

जब से हम को साईं का दीदार मिल गया

ऐसा लगता है के ये संसार मिल गया

जब से हम को साईं का दीदार मिल गया

उठे बोलो साईं बाबा सोते बोलो साईं बाबा

साईं राम का नाम प्यारा हम को प्राणों से भी प्यारा,

किस्मत से साईं का हम को प्यार मिल गया

ऐसा लगता है के ये संसार मिल गया

जब से शिर्डी जाकर हम ने किया है साईं तेरा दर्शन

हम तो हो कर रेह गए तेरे ऐसा है तुझ में आकर्षण

जब से साईं बाबा का आधार मिल गया

ऐसा लगता है के ये संसार मिल गया

सोरव मधुर कर है केहना साईं के चरणों में रेहना

मिल जाए साईं की किरपा धन दोलत का फिर क्या करना

साईं भगतो का ये परिवार मिल गया

ऐसा लगता है के ये संसार मिल गया

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।