खटक मेरे बाबा की

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

खटक मेरे बाबा की बाबा की मैं तो बाजी दोडी आई,

खटक मेरे बाबा की ...

बाबा जी मेरे नहा लयो ने मैं तो ताता पानी ल्याई

बाबा जी मेरे नहाए गए नहाए गए मैं तो फूली नही समाई

खटक मेरे बाबा की

बाबा जी मेरे खा लयो ने मैं तो दाल चूरमा ल्याई

बाबा जी मेरे खाए गए मैं तो फूली नही समाई

खटक मेरे बाबा की

बाबा जी मेरे काटो ने मैं तो संकट लेके आई

बाबा जी मेरे काट गये मैं तो फूली नही समाई

खटक मेरे बाबा की

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।