आज मैया यशोदा के द्वार

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

आज मैया यशोदा के द्वार, बधैया बाज रही,

कौन पुण्य कर आई यशोदा, गोद भरी करतार,

कंचन थार लिये ब्रज युवती, गावत मंगलचार,

बाबानन्द जू करत मुदित मन, यथायोग्य सत्कार,

सुरनर मुनि दर्शन को आये, कपट रूप तन धार,

अद्भुत कान्ति ललन मुख ऊपर, होत भवन उजियार,

Yogesh Tiwary

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।