तू ही मंजिल मेरी है और तू सहारा है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तू ही मंजिल मेरी है और तू सहारा है,

सारी दुनिया में सांवरे तू सबसे प्यारा है,

तू ही हर साज में तू ही स्वर में,

धरती आकाश और चराचर में,

पल में सबकुछ बदल दे श्याम का ईशारा है,

सारी दुनिया में सांवरे.......

जान पत्थर में तुमने डाली है,

तेरी लीला प्रभु निराली है,

डूबती नाव का प्रभु तू ही बस किनारा है,

सारी दुनिया में सांवरे....

ताली के बिन तू खोल दे ताले,

रह गए दंग देखने वाले,

एक पल भी तुम्हारे बिन नहीं गुजारा है,

सारी दुनिया में सांवरे...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।