चरखा परे हटा ले जी मेरी सूरत राम से लागी

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन राम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

चरखा परे हटा ले जी मेरी सूरत राम से लागी,

चरखा छोटा पीड़ा छोटा छोटा कांडला सूत,

सखी सहेली सारी छोटा सास का पूत,

चरखा परे हटा ले जी मेरी सूरत राम से लागी,

इसे पीसनु पीसनी दी उम्र है मेरी काची,

सांवरियां गिरधार के आगे मैं बाँध घुंगरू नाची,

चरखा परे हटा ले जी मेरी सूरत राम से लागी,

किसी काटणो काटनी री न बोये मारवाड़ी,

ोरो की मने क्या पड़ी मैं खुद ही करू उबाड़ी,

चरखा परे हटा ले जी मेरी सूरत राम से लागी,

मीरा कह रही माता से मैं गुरु चरनन की दासी

इस जग की मने क्या पड़ी मैं भजन करू दिन राति,

चरखा परे हटा ले जी मेरी सूरत राम से लागी,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।