क्यूं छोड़ दिया खाटू आना

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

क्यों छोड़ दिया खाटू आना, भाई कोण सा मतलब तेरा सै,

मन्ने के बुझे बाबा तन्ने सब बता का बेरा सै

मै करू नौकरी कच्ची, मेरे सिर पे बोझ घणा बाबा,

इब मुश्किल ही आऊंगा, मन्ने जाणा पड़े रोज बाबा,

मन्ने सरकारी लगवादे न , चुटकी का काम यो तेरा सै

मन्ने बस मै धचकि लाग्गे, तेरी रेल मै भीड़ घनी बाबा,

रींगस त पैदल जाणा, अब इतना ज़ोर नहीं बाबा ,

एक नयी कार दिलवादे न, बस इतना भतेरा सै

जब आँख खुली मेरी भाइयो, मै ख़ुशी के मारे झूम उठा,

मन्ने पकड़ी पहली गाड्डी, और खाटू नगरी दौड़ पड़ा

मन्ने देख के मुस्कावे बाबा , अर पूछै हल के तेरा सै

घर आया जब मै वापिस, मेरे घर मै थी खुशियां छायी,

जो माँगा था बाबा ते, मेरै सरकारी चिठ्ठी आयी

ललित कहे मै जाण गया यो सारा जादू तेरा सै।

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।